ये संक्रमण ब्रूसेलोसिस बैक्टीरिया से फ़ैल रहा है और बड़ी संख्या में लोगों को पीड़ित कर रहा है.
चीन के सरकारी अख़बार ग्लोबल टाइम्स ने गैन्सू प्रांत के सेंट फ़ॉर डिसिज़ कंट्रोल विभाग के हवाले से बताया कि इस बैक्टीरिया से क़रीब 3,500 लोग संक्रमित हैं.
बीते सोमवार को 23 हज़ार लोगों को टेस्ट किया गया जिसमें शुरुआती तौर पर 4,800 लोगों को पॉज़िटिव बताया गया. हालांकि ये संख्या उम्मीद से ज़्यादा हो सकती है
क्या हैं इसके लक्षण?
बीमारी के लक्षण आने में एक हफ़्ते से लेकर 2 -3 महीने भी लग सकते हैं. लेकिन अक्सर 2 से 3 हफ़्ते में लक्षण आ जाते हैं.
इसके लक्षण हैं- बुखार, पसीना आना, थकान, भूख ना लगना, सिर दर्द, वज़न घटना
कई लक्षण लंबे वक्त तक रह सकते हैं जैसे कि बार-बार बुखार होना, जोड़ों में दर्द, दिल या लीवर में सूजन, दिमाग़ी लक्षण, थकान, डिप्रेशन आदि.
चीन में ये कैसे शुरू हुई?
ये बैक्टीरिया पिछले साल जुलाई-अगस्त में एक फ़ैक्ट्री से हुए रिसाव के बाद फ़ैला था.
इस बैक्टीरिया के इलाज़ के लिए बनने वाली ब्रूसीला वैक्सीन के उत्पादन में एक्सपायर हो चुके कीटाणुनाशकों का इस्तेमाल किया गया था जिसके कारण बैक्टीरिया से संक्रमति एरोसोल्स का हवा में रिसाव हो गया.
बताया जाता है कि इसके पास लानझोऊ वेटेरनरी रिसर्च इंस्टीट्यूट है जहां हवा के ज़रिए ये संक्रमण लोगों में फै़ला और इस बीमारी की शुरुआत हुई.
ब्रूसेलोसिस और ये कैसे फ़ैलता है?
ब्रुसेलोसिस एक बैक्टीरिया जनित बीमारी है जो मुख्य तौर पर गाय, भेड़-बकरी, सुअर और कुत्तों को संक्रमित करती है.
इंसानों में भी संक्रमण हो सकता है अगर वे संक्रमित जानवर के संपर्क में आएं.
जैसे कि संक्रमित पशु उत्पादों को खाने-पीने से या हवा में मौजूद बैक्टिरिया सांस लेने से इंसान में पहुंच जाए.
विश्व स्वास्थ्य संगठन का कहना है कि ज़्यादातर ये बीमारी संक्रमित जानवरों के बिना पाश्चरीकृत दूध या पनीर लेने से इंसानों में आ रही है.
इंसानों से इंसानों में बेहद कम संक्रमण होता है.
विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक़ ये बीमारी दुनिया के कई देशों में रिपोर्ट होती रही है.


